नीट पेपर लीकमे 9 अपराधी गिरफ्तार, सिस्टमक आंतरिक हेरफेरसँ करोड़ोंक सौदा धरि
नई दिल्ली। समदिया

देशभरिकेँ लाखों छात्रक भविष्यसँ जुड़ल नीट यूजी-2026 परीक्षामे एक बेर फेरसँ पेपर लीक भेल। एहि हाई प्रोफाइल मामिलामे एखन धरि 9 गोटे गिरफ्तार भ चुकल अछि। जेना-जेना केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) एहि नेटवर्कक पाछुक सिंडिकेटक खुलासा जारी क रहल अछि, एकटा चौंकाबय वला सच्चाई सामने आबि रहल अछि। सच तँ ई अछि जे बाहरसँ कियो परीक्षा व्यवस्थाक सुरक्षाक उल्लंघन नहि केलक, बल्कि जे लोक एकर जिम्मेदार छल, ओ भीतरसँ पेपर लीक करबाक लेल दरवाजा खोललक।
सीबीआई जांचक केंद्रमे दूटा प्रमुख हस्तीक नाम अछि। मनीषा गुरुनाथ मंधारे आ पीवी कुलकर्णी। पुणेक वनस्पति विज्ञानक वरिष्ठ व्याख्याता मनीषाकेँ एही पूरा षड्यंत्रक मास्टरमाइंड मानल जाइत अछि। राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (एनटीए) द्वारा हुनका विशेषज्ञक रूपमे नियुक्ति कएल गेल छल। एहि आधिकारिक पदक कारणेँ हुनका प्रश्नपत्र धरि सीधा पहुँच छलनि। एम्हर पी.वी. पुणेमे गिरफ्तार लातुरक सेवानिवृत्त रसायन विज्ञानक प्रोफेसर कुलकर्णी बहुत दिनसँ एनटीए परीक्षा प्रक्रियासँ जुड़ल छलाह। दुनू गोटे मिलिकय सिस्टम पर एहि भरोसा केर फायदा उठेलनि आओर पेपर लीक कय देलनि।
सीबीआईक अनुसार अप्रैलक अंतिम सप्ताहमे इ योजना शुरू भ गेल छल। कुलकर्णी अपन सहयोगी मनीषा वाघमारेकेँ संग मिल कय पैघ रकम देबय लेल तैयार छात्रकेँ भर्ती करय लगलाह। अहाँ सोचि रहल होयब जे ई दोसर मनीषाकेँ अछि? मनीषा वाघमारे पुणेमे ब्यूटी सैलून चलाबैत छथि। तत्पश्चात पुणे स्थित कुलकर्णीक घर पर चुनिंदा छात्र सभ लेल “स्पेशल कोचिंग क्लास” शुरू भेल। ई कोनो साधारण वर्ग नहि छल। विद्यार्थी सभकेँ कोनो अवधारणा वा सिद्धांत नहि सिखाओल गेल। हुनका सभकेँ बस नीट परीक्षाक सवाल, ओकर विकल्प आ सही जवाब बताओल गेल छल। विद्यार्थी सभ चुपचाप ई सभ अपन नोटबुकमे नोट कय रहल छल।
सीबीआई जखन एहि छात्र सभक नोटबुक जब्त कयलक तँ जांच अधिकारी चकित भ गेलाह। ई सभ प्रश्न 3 मईकेँ आयोजित नीट यूजी 2026 परीक्षाक वास्तविक प्रश्न पत्रसँ मेल खाइत छल।
महाराष्ट्रक लातुरमे एहि पूरा सिन्डिकेटक पर्दाफाश भेल। एकटा कोचिंग इंस्टीट्यूटमे भेल मॉक टेस्टमे अचानक 42टा सवाल पूछल गेल जे वास्तविक नीट परीक्षा पेपरमे आबय वला छल, जे महज दू दिन बाद होबय वला छल। परीक्षाक दिन जखन वास्तविक पेपर आयल तँ किछु सतर्क अभिभावक घबरा गेलाह। ओ सभ तुरंत स्थानीय पुलिसकेँ मामिलाक सूचना देलनि। मामिलाक गंभीरता आओर एकर अंतरराज्यीय कनेक्शनकेँ देखैत तुरंत मामिला सीबीआईकेँ सौंपल गेल।
सीबीआई केर जांचसँ पता चलल अछि जे ई एकटा बेहद संगठित सिंडिकेट छल। ई नेटवर्क सेमिनारक आयोजन कयलक आ ऐहन छात्रकेँ खोजलक जे शैक्षणिक रूपसँ कमजोर छल मुदा आर्थिक पृष्ठभूमि मजबूत छल। एहि लेल ओ सभ पूर्व छात्र खास कय इंजीनियरिंगक पृष्ठभूमि वला कय अपन एजेंटक रूपमे नियुक्त कयने छल।
पिछला 24 घंटामे सीबीआई देशव्यापी छापामारी कयलक अछि आ अनेक महत्वपूर्ण दस्तावेज, मोबाइल फोन आ इलेक्ट्रॉनिक गैजेट जब्त कयलक अछि। एखन धरि जयपुर, गुरुग्राम, नासिक, पुणे आ अहिल्यानगरसँ कुल 9 गोटे केर गिरफ्तार कयल गेल अछि। अखनि धरि जाहि 9 लोककेँ हिरासतमे लेल जेल अछि ओहिमे मनीषा गुरुनाथ मंधारे : पुणे केर वरिष्ठ वनस्पति विज्ञान व्याख्याता आ एनटीए विशेषज्ञ, जकरा एही षड्यंत्रक मास्टरमाइंड मानल जायत अछि। पी. वी. प्रो. कुलकर्णी : लातुरक सेवानिवृत्त रसायन विज्ञानक प्रोफेसर आ मुख्य सूत्रधार जिनक प्रश्न पत्र पैनल धरि पहुंच छल। मनीषा वाघमारे : पुणे केर ब्यूटी सैलून मालिक, जे विद्यार्थीक जुटान आ गुप्त कक्षाक प्रबंधनमे अहम भूमिका निभौलक। मंगीलाल बिवाल : जयपुर निवासी, लीक भेल कागज प्राप्त करबाक आ वितरण करबाक आरोप। विकास बिवाल : मंगीलालक बेटा आ एकटा मेडिकलक छात्र, जे एहि अवैध काजकेँ पूरा करयमे मदति कयलक। दिनेश बिवाल : मंगीलाल केर भाई, जे पूरा मामिलाक आर्थिक लेनदेन संभालने छल। यश यादव : गुरुग्राम निवासी, मुख्य बिचौलिया जे लीक भेल प्रश्नपत्र बिवाल परिवार धरि पहुंचेलक। शुभम खैरनार : नासिकक निवासी, लीक वा अनुमानित प्रश्नपत्रक सबसँ पहिने प्रसारित करबाक आशंका। धनंजय लोखंडे : अहिल्यानगर केर आयुर्वेदक डॉक्टर, जकरा एही मामिलामे संलिप्तताक बाद हिरासतमे लेल गेल।
सीबीआई आब प्रो. कुलकर्णीक पिछला रिकॉर्डक सेहो जांच कय रहल अछि। जांच एजेंसीकेँ शक अछि कि ई सिंडिकेट नीट 2024 केर पेपर लीक आ अन्य प्रमुख राष्ट्रीय परीक्षामे गड़बड़ीमे शामिल भ सकैत अछि।
