लालूक बेटी सांसद, अखिलेशक पत्नी सांसद मुदा आम घरक बेटीकेँ मौकासँ वंचित : सम्राट चौधरी
पटना। समदिया

सम्राट चौधरी ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ पर कांग्रेस, टीएमसी, डीएमके, राजद आ सपासँ जनताकेँ जवाब देबाक मांग केलथि आ आरोप लगौलथि जे इ दल कहियो आरक्षणक समर्थन नहि केलक अछि।
बिहारक मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी काल्हि रविदिन (19 अप्रैल) पटनामे ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ (महिला आरक्षण विधेयक) क संबंधमे एकटा प्रेस कॉन्फ्रेंस केलथि, जाहि दौरान ओ विपक्षी दल पर कड़ा हमला केलथि। सीएम सम्राट चौधरी कहलनि कि ‘नारी शक्ति’ (महिला शक्ति) केर आरक्षण अधिकारक अपमान कयल गेल अछि, जे लोकतंत्रमे एगो अभूतपूर्व घटना अछि, जतय महिलाकेँ संग धोखा भ गेल अछि।
सीएम सम्राट चौधरीक आरोप अछि कि किछु खास दलक इच्छा अछि कि खाली अपन परिवारक महिला संसद सदस्य (सांसद) बनय, जखनि कि आम घरक बेटीकेँ मौकासँ वंचित कय दैत अछि। सम्राट चौधरी टिप्पणी कयलनि, “लालू यादवक बेटी सांसद बनि जाइत छथि, मुदा दोसर व्यक्तिक बेटी नहि बनैत अछि। राहुल गांधीक बहिन सांसद बनि जाइत छथि, मुदा दोसरक बहिन नहि। अखिलेश यादवक पत्नी सांसद बनि जाइत छथि, मुदा दोसर व्यक्तिक पत्नी नहि, तइयो आन परिवारक बेटीकेँ एहन अवसरसँ वंचित कयल जाइत अछि।”
ओ कहलनि जे बिहारमे एखन 29टा महिला विधायक छथि। जँ ई विधेयक पारित भ गेल रहैत तँ विधानसभामे 122 महिला रहैत। पंचायती राज व्यवस्थामे 50 प्रतिशत आरक्षण देबाक नीतीश कुमारक पहलक हवाला दैत ओ कहला जे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आ अमित शाहक इरादा एहि विधेयकक माध्यमसँ 272 महिला सांसदकेँ गारंटी देबाक अछि।
सीएम सम्राट चौधरी कांग्रेस, टीएमसी, डीएमके, राजद आ सपासँ जनताकेँ एकर जबाब दै केर मांग कयलनि, ई आरोप लगैलनि कि ई दल कहियो आरक्षण केर समर्थन नहि कयलक। एतेक धरि कि दलित आ आदिवासी लेल मंडल आयोग केर सिफारिश आ आरक्षण कोटा केर सेहो विरोध कयलक। सम्राट चौधरी घोषणा कयलनि जे आब एनडीए एहि मुद्दा पर देशव्यापी अभियान चलाओत, विपक्षकेँ चुनौती दैत पूछलनि जे “जखन अहाँक अपन घरक महिला आगू बढ़ैत छथि, तखन गरीब परिवारक महिलाकेँ मौका कहिया भेटत?”
बिहारक मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी स्मरण करैत कहला जे 2006 मे जखन बिहारमे एनडीए सरकार बनल छल तखन पंचायती राज संस्थान आ शहरी स्थानीय निकाय दूनूमे महिला लेल 50 प्रतिशत आरक्षण शुरू कैल गेल छल। आइ हमरा ई कहैत खुशी भ रहल अछि जे बिहारमे 50% आरक्षण नीति अछि, मुदा राज्यमे महिला 59% सँ बेसी चुनाव जीत रहल छथि। लोककेँ तर्क छनि जे ई विधेयक पहिनेसँ पास भ गेल छल। पीएम मोदी केर सरकार आ अमित शाह सेहो आश्वासन देने छलथि कि एही विधेयकक माध्यमसँ संसद सदस्य केर संख्या 543 सँ बढ़ि कय 813 कय देल जायत आ बादमे 850 कय देल जायत, संगहि, जौं ई विधेयक बनल रहैत तँ ओहि 816 सांसदमे सँ 272 सांसद महिला रहितथि।
