‘मिथिलाक्षर पक्ष’क बृहस्पतिक सातम दिनक ऑनलाइन कार्यक्रम संपन्न
निज । समदिया

मिथिलाक्षर साक्षरता अभियानक १३म स्थापना दिवसक उपलक्ष्यमे जारी ‘मिथिलाक्षर पक्ष’क ऑनलाइन कार्यक्रममे सातम दिन ०१ अक्टूबर, बृहस्पतिकेँ अभियानीगणक प्रस्तुति सरहानीय रहल।
संध्या कालीन ऑनलाइन सांस्कृतिक कार्यक्रममे सुनिता ठाकुर भगवतीक गीतसॅं शुरुआत कयलनि। सुनिता ठाकुर मुम्बईसॅं बहुत मधुर स्वरमे भगवतीक गीत गउलनि। प्रमोद झा विराटनगर, नेपालसॅं ‘जय जय भैरवि’ भगवतीक गीतक प्रस्तुत देलनि।
देवेन्द्र झा फरीदाबादसॅं अपन स्वय रचित कविता पाठ कयलनि। राजेश ठाकुर सेहो दिल्लीसॅं उपस्थित भेलाह।
मिथिलक्षर साक्षरता अभियानक संस्थापक अजय नाथ झा शास्त्री नाशिकसॅं अपन स्वयं-रचित कविता ‘धिक्कार छौ’ केर पाठ कयलनि, जे स्वाभिमान केर जगाबयवाला आ मार्मिक पुकार छल मिथिलाक माटिक, देश-दुनियामे पसरल अपन संतानक प्रति। तहिना शास्त्री आर अपन किछु रचित वंदना सुनेलनि, संगहि विद्यापति गीतक गान सेहो कयलनि।
संरक्षक देवेन्द्र झा’क संयोजकत्वमे कार्यक्रम सफलतापूर्वक सम्पन्न भेल, हुनक द्वारा एकटा कुशल प्रस्तोताक भूमिका निभाओल गेल।
इ सांस्कृतिक कार्यक्रम लाइभ प्रोग्राम सोशल मीडिया पर प्रसारित छल,जाहि पर अनेकों जगह बहुत सुंदर सुंदर कामेंट आयल।
मिथिलाक्षर साक्षरता अभियान मिथिला लिपि के कोना जन जन,घर घर मे व्यवहार आउत ताहि लेल अहितरहक कार्यक्रम करैत रहैत अछि।
ई सांस्कृतिक कार्यक्रम लाइव प्रोग्राम सोशल मीडिया पर प्रसारित रहैत अछि,जाहि पर अनेकों जगहसँ बहुत सुंदर सुंदर कामेंट आयल। मिथिलाक्षर साक्षरता अभियान मिथिला लिपि केर कोना जन-जन,घर-घरमे व्यवहार आउत ताहि लेल प्रतिबद्ध अछि।
