राजनीति

विपक्ष मुसलमानकेँ कतेक करत गुमराह, वक्फमे गरीब रहल भलाईसँ वंचित : किरेन रिजिजू

नई दिल्ली
*

केन्द्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू बुधदिन लोकसभामे वक्फ संशोधन विधेयक प्रस्तुत कयलनि। विधेयक पर चर्चाक क्रममे किरेन रिजिजू कहलनि जे वक्फ लग तेसर सबसँ पैघ भूमि बैंक अछि। रेलवे सैन्य भूमि अछि। ई सब देशक सम्पत्ति अछि। वक्फ संपत्ति निजी संपत्ति अछि। हमर देशमे दुनियाक सबसँ बेसी वक्फ संपत्ति अछि। अहां 60 सालसँ सरकारमे छी, तइयो मुसलमान एतेक गरीब किएक छथि ? ई हुनका लेल किएक काज नहि केलक ? गरीबक उत्थान, हुनक कल्याणक लेल किएक काज नहि कयल गेल अछि ? जँ हमर सरकार गरीब मुसलमानक लेल काज कए रहल अछि तखनि की आपत्ति अछि ? अहाँसभ जे एहि विधेयकक विरोध कऽ रहल छी, देश कतेको सदी तक याद राखत जे एहि विधेयकक समर्थन के कयलक आ के एकर विरोध के कयलक। अहां सभ मुसलमानकेँ कतेक गुमराह करब ?”

ओ कहलनि जे जँ देशमे एतेक वक्फ सम्पत्ति अछि तखनि ओकरा निष्क्रिय नहि रहय देल जायत। एकर उपयोग गरीब आ अन्य मुसलमानक लेल करबाक चाही। हम रिकॉर्ड देखलहुँ अछि। सच्चर कमेटी द्वारा एहि विषयक विस्तृत चर्चा कएल गेल अछि। 2006 में 4.9 लाख वक्फ प्रॉपर्टी छल। एकर कुल आय 163 करोड़ छल। 2013 में परिवर्तनक बाद आय बढ़िकए 166 करोड़ भए गेल। 10 वर्षक बाद सेहो 3 करोड़ बढ़ल छल। हम एकरा स्वीकार नहि कऽ सकैत छी।

ओ लोकसभा में कहलनि जे 8.72 लाख वक्फ प्रॉपर्टी एखनि देशमे अछि। जँ हम एकरा सही उपयोग करब, तऽ मात्र मुसलमानेटाक नहिं, देशक तकदीर बदलि जायत। हम जम्मू-कश्मीर गेल छलहुँ, वक्फ बोर्डक चेयरपर्सन एकटा महिला बनली। ओ कहलनि जे पहिने आयक व्यवस्था, ओकरा रिकॉर्डक कोनो व्यवस्था नहि छल। हुनकर आबय केर बाद 40 करोड़ आय भेल।

हजरतबल दरगाहमे मरम्मत आ नवीनीकरणक काज सेहो चलि रहल अछि। बिलमे कतेको संशोधन प्रस्तावित भेल, ओइ सभ केर हम बिलमे शामिल कयने छी। संसदीय समिति बीच कतेको मुद्दा होइत अछि। सुझाव छोट होइ तऽ सेहो हम शामिल कयने छी। ई सभ व्यवस्था देखिकए सभक मनमे आशा जागत। नव सवेरा आबि रहल अछि। ई आशा एहि लेल अछि कि यूनिफाइड वक्फ प्रबंधन रजिस्ट्रेशनसँ लऽ कऽ सर्वे आ कलेक्टरक भूमिका तक मिलाकय प्रबंधनक प्रणालीक परिवर्तन कएल गेल अछि। सशक्तीकरण कोना आओत।

मुसलमान सभमे सेहो शिया, सुन्नी, बोहरा आ पसमांदा केर अलावा महिला आ बच्चाक लेल हमर प्रावधानक सभ सम्पूर्ण समुदाय द्वारा स्वागत कएल जा रहल अछि। वक्फ विधेयक ककरो धार्मिक व्यवस्था, ककरो धार्मिक संस्था वा ककरो धार्मिक प्रथामे कोनो तरहक हस्तक्षेप नहि कऽ रहल अछि।

ओ कहलनि, “पहिने ककरो जमीनकेँ वक्फ संपत्ति घोषित कएल जा सकैत छल, मुदा हम ओहि प्रावधानकेँ हटा देलियै। आब, गरीबक लाभक लेल ककरो जमीनकेँ वक्फ संपत्ति घोषित नहि कएल जा सकत। किछु व्यक्ति, किछु लोक, अपन निजी लाभक लेल एकर प्रयोग कऽ रहल छल। मुस्लिम डेलिगेशन हमर घर आबि रहल अछि, एहि बिलक स्वागत कऽ रहल अछि। गरीब मुसलमान तऽ बेर-बेर कहि रहल अछि जे एहि बिलकेँ शीघ्रतासँ पास करू। सेंट्रलाइज डेटा बेस होयत, वेबसाइट होयत। ट्रैकिंग होयत, काज समय पर होयत, सुधार कएल जायत, ऑडिट सेहो होयत। ई हम राज्य सरकार पर छोड़ने छी। जमीन राज्यक विषय अछि। राज्य सरकार पूरा अधिकार भेटत। मंत्रालय सदिखन ऑनलाइन जुड़ल रहत।”

रिजिजू आगू कहला, “राज्ये सरकार पूरा तरहसँ एकर निगरानीक काज करत। वक्फ धार्मिक, चैरिटेबल उद्देश्य लेल बनाओल जाइत अछि। एकरा देखब, आय होइत अछि कि नहि, ईहो देखब। जे रिफॉर्म हम अनलौंह अछि, जे बदलाव हम अहाँकेँ संक्षिप्तमे बतएलहुँ। जँ अहाँकेँ लगैछ कि हमरा आय उत्पन्न करबाक लेल की करबाक चाही तऽ अहाँक सुझाव सभक हम दिलसँ स्वागत करब। दरगाह, मस्जिदक इमाम सभ सुझाव देलनि अछि। हम ओहि सभकेँ रिकॉर्डमे रखने छी। ओ सभ पीएम मोदी केर आभार व्यक्त करैत कहलथि, “हम अपनाकेँ बहुत भाग्यशाली मानैत छी जे हमर प्रधानमंत्री हमरा जकाँ साधारण सदस्यकेँ एहेन महान विधेयक प्रस्तुत करबाक अवसर देलनि अछि। ई प्रयास लेल लाखों गरीब मुसलमान हमरा दुआ देताह। मुदा, ई दुआ हम असगर किएक लिअ ? अहाँकेँ सेहो मिलबाक चाही। एहि विधेयक केर समर्थन करू, ई हमर अहाँ सभसँ विनम्र प्रार्थना अछि।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *