शासन-प्रशासन आ शराब माफियाक गठजोड़सँ शराबबंदी कानून ‘राज्यक सभसँ पैघ संस्थागत भ्रष्टाचार’ : तेजस्वी यादव
पटना । समदिया

आरजेडी नेता तेजस्वी यादव दावा कयलनि जे वर्ष 2026 मे औसतन तीन लाख 70 हजार 684 लीटर प्रति मास अवैध शराब बरामद भेल, जे प्रतिदिन करीब 12,356 लीटर होइत अछि।
राष्ट्रीय जनता दल (RJD) केर कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव बिहारमे लागू शराबबंदी कानून केर विफल बताबैत सोम (06 अप्रैल) केँ’ NDA सरकार पर निशाना साधलनि। ओ कहला जे शासन-प्रशासन आ शराब माफियाक कथित गठजोड़क कारण ई कानून ‘राज्यक सबसँ पैघ संस्थागत भ्रष्टाचार’ बनि गेल अछि।
बिहार विधानसभामे नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव एकटा बयानमे दावा कयलनि जे शराबबंदीक कारण राज्यमे लगभग 40 हजार करोड़ रुपैयाक गैरकानूनी समानांतर अर्थव्यवस्था ठाढ़ भ’ गेल अछि।
ओ कहला, ”शराबबंदी लागू भेलाक बाद राज्यमे 11 लाख मामिला दर्ज कएल गेल आ 16 लाखसँ बेसी लोक गिरफ्तार कएल गेल, जखनिकि एखनि धरि पांच करोड़ लीटरसँ बेसी शराब बरामद कएल गेल अछि। गेल पाँच वर्षमे दू करोड़ लीटरसँ बेसी शराब जब्त कएल गेल, जे प्रतिदिन औसतन 11 हजार लीटरसँ बेसी होइत अछि।”
ओ दावा कएलनि जे वर्ष 2026 मे औसतन तीन लाख 70 हजार 684 लीटर प्रति महिना अवैध शराब बरामद कएल गेल, जे प्रतिदिन करीब 12,356 लीटर होइत अछि। राजद नेता आरोप लगेलनि जे ई केवल जब्त शराबक आंकड़ा अछि, जखनिकि जमीनी स्तर पर राज्यमे प्रतिदिन शराबक खपत एहिसँ कहीं बेसी अछि। ओ कहलनि जे सरकारक अनुसार वर्ष 2026 मे बरामदगीमे 18 प्रतिशत बढ़ोतरी भेल, जे दर्शाबैत अछि जे शराबबंदी केर बावजूद अवैध कारोबार जारी अछि।
तेजस्वी यादव आरोप लगेलनि जे शराबबंदीक बाद राज्यमे अन्य नशीला पदार्थक कारोबार बढ़ल अछि आ युवाक बीच गांजा, ब्राउन शुगर तथा नशीला दवाइ सभक सेवन बढ़ल अछि। ओ सरकारसँ सवाल कएलनि जे राज्यक सीमामे बहुत पैघ मात्रामे शराब किनकर सहयोगसँ आनल जा रहल अछि आ खपतक आंकड़ा सार्वजनिक कियैक नहि कएल जा रहल अछि।
पूर्व उप मुख्यमंत्री यादव कहलनि जे वर्ष 2004-05 मे बिहारक ग्रामीण क्षेत्रमे 500 सँ कम शराबक दुकान छल, जखनिकि 2005 मे राज्यमे लगभग 3,000 दुकान छल, जे 2015 धरि बढ़िकऽ 6,000 सँ बेसी भऽ गेल। यादव आरोप लगौलनि जे ओहि अवधिमे ग्रामीण क्षेत्रमे बहुत रास दुकान खोलल गेल।
आरजेडी नेता दावा कयलनि जे शराबबंदी कानूनक तहत भेल गिरफ्तारीमे अधिकांश गरीब, दलित, पिछड़ा आ अति पिछड़ा वर्गक लोक शामिल छथि। ओ आरोप लगौलनि जे ‘बड़ी मछली’ पर काज नहि भ’ रहल अछि। यादव कहलनि जे सरकारकेँ ओहि अधिकारी सभ पर कारवाई करबाक चाही जे कथित रूपसँ शराबबंदीकेँ असफल क’ रहल छथि।
